PM Kisan Samman Nidhi : केंद्र ने इसे “संदिग्ध लाभार्थी” की श्रेणी में रखा है और सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को जांच पूरी करने के आदेश दिए हैं। मंत्रालय ने कहा है कि 19.02 लाख मामलों की जांच पूरी हो चुकी है, जिनमें से 17.87 लाख यानी करीब 94% मामलों में पति-पत्नी दोनों को लाभार्थी पाया गया
